भारतीय किसान यूनियन भानू के प्रदेश उपाध्यक्ष तौहीद आलम रोड पर हो रहे आए दिन एक्सीडेंट देखते हुए उठाए सवाल
NH-927 पर मानक-विपरीत निर्माण और लगातार दुर्घटनाओं से जनता त्रस्त, टोल वसूली पर उठे सवाल
अभी तक न्यूज़ सुपरफास्ट सभाजीत सिंह
लखनऊ से रुपैडीहा को जोड़ने वाला एनएच-927 (NH-927) राष्ट्रीय राजमार्ग अपनी बदहाल स्थिति के कारण आजकल गंभीर चर्चा का विषय बना हुआ है। मार्ग पर बने शाहपुर बाराबंकी टोल, कैसरगंज आइनी टोल और नानपारा टोल से नियमित रूप से टोल वसूला जा रहा है, जबकि सड़क का बड़ा हिस्सा राष्ट्रीय राजमार्ग मानकों के अनुरूप तैयार नहीं किया गया है।
सड़क की खराब स्थिति के कारण बढ़ रहे हादसे
सड़क पर जगह–जगह बड़े गड्ढे, धंसे हुए हिस्से, टूटी लेन, सुरक्षा बैरियर और साइनबोर्ड की कमी के चलते इस मार्ग पर लगातार दुर्घटनाएँ बढ़ रही हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार NH-927 पर रोजाना कई छोटे-बड़े हादसे हो रहे हैं, जिनमें कई बार गंभीर चोट और जनहानि की नौबत आ जाती है।
🚑 बुरी सड़क के कारण राहत व बचाव में देरी
दुर्घटनाओं की स्थिति में प्रशासनिक टीमें मौके पर पहुँचने में अक्सर देरी का सामना करती हैं। खराब सड़क और गड्ढों के कारण एंबुलेंस व पुलिस वाहनों को भी मौके तक पहुँचने में देर लगती है, जिससे कई लोगों की जान जोखिम में पड़ जाती है या नहीं बच पाती।
💰 टोल वसूली पर जनता ने उठाए प्रश्न
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि जब सड़क राष्ट्रीय राजमार्ग के मानकों पर खरी नहीं उतरती, तो ऐसे में टोल वसूली करना जनता के साथ सीधा अन्याय है।
लोगों ने मांग की है कि:
जब तक सड़क पूरी तरह मानक के अनुसार तैयार नहीं होती,
टोल वसूली तत्काल रोकी जाए।
सड़क की स्वतंत्र तकनीकी जांच कराकर दोषियों पर कार्रवाई हो।
दुर्घटना-प्रभावित पॉइंट्स पर सेफ्टी बैरियर, चेतावनी बोर्ड, रिफ्लेक्टर तत्काल लगाए जाएँ।
मरम्मत कार्य को समयसीमा में पूरा किया जाए।
🗣 जनता का सीधा सवाल: सुरक्षा के बिना टोल क्यों?
स्थानीय कारोबारियों, वाहन चालकों और ग्रामीणों का कहना है कि भारत सरकार द्वारा सड़क सुरक्षा व संरचना के जो मानक तय किए गए हैं, उनका NH-927 पर स्पष्ट रूप से पालन नहीं हो रहा है।
इस लापरवाही के चलते कई परिवार दुर्घटनाओं का शिकार हो चुके हैं, जो बेहद चिंताजनक स्थिति है।
📌 प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग
जनता ने एक स्वर में मांग की है कि NH-927 की दयनीय स्थिति पर शासन तत्काल संज्ञान ले और—
सड़क को राजमार्ग मानक के अनुरूप बनाया जाए।
दुर्घटना रोकथाम हेतु सुरक्षा उपकरण और रोड मार्किंग की व्यवस्था की जाए।




